बहराइच नेपाल सीमा से सिर्फ एक बस को भारत सरकार ने मैत्री बस के रूप में संचालित करने का परमिट दे रखा है। लेकिन परिवहन विभाग व पुलिस की मिलीभगत से करीब 15 से अधिक बसें यहां मैत्री बस सेवा के नाम पर चलाई जा रहीं हैं। रोडवेज की बस बिना यात्रियों के खाली फराटा भर रही है और रोज लाखों का नुकसान हो रहा है। एआरएम ने एआरटीओ को बीते सात जुलाई को पत्र लिखकर इस पर रोक लगाने की मांग की थी। लेकिन हुआ कुछ नहीं। नेपाल से सटा रूपईडीहा कस्बा डग्गामार वाहनों का गढ़ बनता जा रहा है। नेपाल-भारत मैत्री सेवा के नाम पर अवैध तरीके से 15…
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एक दिन राहत, अगले चार दिन फिर येलो अलर्ट, – 696 सड़कें बंद, 1052 बिजली ट्रांसफार्मर ठप
शिमला हिमाचल प्रदेश में रविवार को बारिश थमने से राहत तो मिली, लेकिन अगले चार दिन बादल बरसने का दौर जारी रहेगा। 27 जुलाई तक का येलो अलर्ट जारी हुआ है। 29 तक पूरे प्रदेश में मौसम खराब रहेगा। इससे दुश्वारियां फिर बढ़ेंगी। उधर, पिछले दिनों खराब रहे मौसम के चलते जिला कुल्लू समेत प्रदेश के कई क्षेत्रों में अभी भी जनजीवन पटरी पर नहीं लौटा है। बिजली और पानी की आपूर्ति कई क्षेत्रों में बाधित है। प्रदेश में 696 सड़कें, 1,052 बिजली के ट्रांसफार्मर और 370 पेयजल योजनाएं अभी ठप हैं। मनाली-कुल्लू नेशनल हाईवे क्लाथ तक बहाल हो गया…
View More एक दिन राहत, अगले चार दिन फिर येलो अलर्ट, – 696 सड़कें बंद, 1052 बिजली ट्रांसफार्मर ठपभतरौंजखान-रामनगर हाईवे गड्ढों से पटा
भतरौंजखान। पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण भतरौंजखान-रामनगर हाईवे गड्ढा मुक्त सड़कों के दावों की पोल खोल रहा है। यह सड़क गड्ढों से पटी है और इस पर यात्री और पर्यटक जान जोखिम में डालकर आवाजाही करने के लिए मजबूर हैं। भतरौंजखान से चौड़ी घट्टी तक पूरी सड़क गड्ढों से पटी है। गड्ढों में पानी भरने से दुर्घटना का खतरा कई गुना बढ़ गया है। कई दोपहिया चालक रपटने से चोटिल हो चुके हैं लेकिन इसके सुधारीकरण के अब तक प्रयास नहीं हुए। विभाग की इस लापरवाही के चलते लोगों में खासा आक्रोश है। व्यापार मंडल उपाध्यक्ष हरीश भट्ट सहित अन्य लोगों ने कहा कि कई बार सड़क सुधारीकरण की मांग के बाद भी इस पर गंभीरता नहीं दिखाई जा रही है। वहीं लोनिवि रानीखेत के सहायक अभियन्ता बीसी भट्ट ने कहा कि डामरीकरण के लिए टेंडर हो चुके हैं। बारिश के बाद डामरीकरण होगा।
View More भतरौंजखान-रामनगर हाईवे गड्ढों से पटाजौरासी सड़क में झाड़ियों से दुर्घटना का खतरा
चौखुटिया (अल्मोड़ा)।गनाई-जौरासी सड़क में दोनों ओर झाडि़यों के कारण लोगों को परेशानी हो रही है। चालक की थोड़ी से चूक बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती है। सामाजिक कार्यकर्ता गणेश ढौंडियाल का कहना है कि संबंधित अधिकारियों से गुहार लगाने के बावजूद झाड़ियों का कटान नहीं हो पा रहा है।
View More जौरासी सड़क में झाड़ियों से दुर्घटना का खतरादोपहिया वाहन चालकों पर लगाम लगाने की मांग
द्वाराहाट। वरिष्ठ नागरिकों ने नगर की यातायात व्यवस्था पर नाराजगी जताते हुए इसे बेहतर करने की मांग की। उन्होंने थानाध्यक्ष राजेश कुमार यादव को ज्ञापन दिया। उन्होंने कहा कि नगर में बिना हेलमेट के कई लोग दोपहिया वाहन अनियंत्रित गति से दौड़ा रहे हैं जिससे दुर्घटना का खतरा बना हुआ है। ऐसे में बुजुर्ग लोगों के लिए खतरा अधिक है। सड़क पर निर्माण सामग्री डालने, बगैर दस्तावेजों के बाहरी राज्यों से खरीदे गए वाहनों के संचालन पर रोक लगाने की मांग भी की। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में सामाजिक सौहार्द बनाए रखने के लिए बाहरी लोगों का सत्यापन कराया जाना भी बेहद जरूरी है। इस मौके पर केपीएस अधिकारी, पीएस मेहरा, जेएस बिष्ट सहित कई वरिष्ठ नागरिक शामिल रहे।
View More दोपहिया वाहन चालकों पर लगाम लगाने की मांगपत्थरों की बरसात…दो दिन से फंसे श्रद्धालु, प्रसव पीड़ित महिला भी फंसी, दो किमी चली पैदल
बड़कोट (उत्तरकाशी) यमुनोत्री हाईवे पर दो दिनों से श्रद्धालु जगह-जगह फंसे हुए हैं। अधिकांश श्रद्धालुओं ने खरादी बडकोट से वापस गंगोत्री धाम जाने का निर्णय लिया तो कहीं श्रद्धालुओं के जत्थे जगह-जगह बंद होने से बीच में फंसे हुए हैं। इनमें बिहार, गुजरात महाराष्ट्र आदि राज्यों से आए श्रद्धालु है। वहीं दूसरी तरफ यमुनोत्री हाईवे ओजरी डाबरकोट,खनेडा किसाला स्लीपजोन के पास बंद होने कारण खरशालीगांव गांव की प्रसव पीड़ित महिला बीच में फंसी हुई हैं। गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग स्थान सुनगर के पास यातायात हेतु सुचारू कर दिया गया है, लेकिन यमुनोत्री हाईवे कई जगह अभी भी बंद है। लगातार…
View More पत्थरों की बरसात…दो दिन से फंसे श्रद्धालु, प्रसव पीड़ित महिला भी फंसी, दो किमी चली पैदलट्रक यूनियनों को माल ढुलाई दरें तय करने का कोई अधिकार नहीं, हाईकोर्ट ने पारित किए आदेश
ऊना/शिमला उद्योग से माल ढुलाई विवाद मामले में हरोली ब्लॉक इंडस्ट्री एसोसिएशन को हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। न्यायमूर्ति संदीप शर्मा की पीठ ने याचिका का निपटारा करते हुए डीसी और एसपी ऊना को उद्योगों से निर्बाध माल ढुलाई सुनिश्चित करने के आदेश दिए हैं। पीठ ने पूर्व में सुनाए एक फैसले का इस मामले में जिक्र करते हुए इसे लागू करने को कहा है। अदालत ने बीते 19 जुलाई को आदेश जारी करते हुए दो याचिकाओं का निपटारा किया है। अदालत ने पारित आदेश में कहा है कि ट्रक यूनियनों को माल ढुलाई दरें तय करने और उद्योगों के परिवहन में हस्तक्षेप करने का कोई अधिकार नहीं है। परिवहन में हस्तक्षेप करने को अवमानना माना जाएगा। इसी के साथ डीसी, एसपी को निर्देश दिए हैं कि ऐसी गतिविधियां ध्यान में आती हैं तो तुरंत पीठ के ध्यान में लाया जाए। निजी प्रतिवादी (ट्रक यूनियनों) को वाहनों के संचालन या माल ढुलाई शुल्क के निर्धारण के मामले में हस्तक्षेप करने का कोई अधिकार नहीं है। आदेश में मैसर्ज मेट ट्रेड इंडिया लिमिटेड बनाम राज्य सरकार मामले का जिक्र करते हुए इस मामले सुनाए गए फैसले को लागू करने के लिए कहा गया है। इसके साथ डीसी और एसपी ऊना से इस मामले में दो सप्ताह के भीतर अनुपालना रिपोर्ट तलब की है। बता दें कि हरोली क्षेत्र के तहत आने वाले विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों में माल ढुलाई को लेकर विवाद था। ट्रक यूनियन उद्योग पर उनके ट्रकों से माल ढुलाई का दवाब बना रहे थे। उद्योगों की तरफ से सस्ते भाड़े पर बाहरी ऑपरेटरों से माल ढुलाई पर स्थानीय यूनियन बाधा पहुंचाती थी। इसी को लेकर एसोसिएशन ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था और अब यहां एसोसिएशन को राहत मिली है। उधर, जजमेंट आने के बाद एसोसिएशन ने सभी सदस्यों के लिए एक सर्कुलर भी जारी कर दिया है। इसमें पीठ की जजमेंट का उल्लेख करते हुए बिना हस्तक्षेप परिवहन होने की बात कही है।
View More ट्रक यूनियनों को माल ढुलाई दरें तय करने का कोई अधिकार नहीं, हाईकोर्ट ने पारित किए आदेशशिमला-कुल्लू में बादल फटा, तीन लापता; चंबा में स्कूल-आंगनबाड़ी बंद, बारिश का येलो-ऑरेंज अलर्ट
(शिमला)/चंबा/कुल्लू हिमाचल प्रदेश में चार दिनों तक भारी बारिश का येलो व ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने 22 जुलाई के लिए बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। 23 से 25 जुलाई के लिए ऑरेंज अलर्ट है। उधर, शिमला के रोहड़ू में छौहारा विकास खंड की कलोटी खड्ड में बादल फट गया। चिड़गांव तहसील के लैला में तीन लोगों के मलबे में दबने की खबर है। जगोटी गांव के रोशन लाल और उनकी धर्म पत्नी भागा देवी लैला में ढाबा चलाते थे। बीती रात उनका पोता कार्तिक भी उनके साथ लैला में ही था। लैला खड्ड में आए भारी फ्लड में ढाबा बह गया। जिसके बाद तीनों लापता हैं। पुलिस और प्रशासन ने स्थानीय लोगों के साथ जेसीबी की मदद से राहत व बचाव कार्य शुरू कर दिया है। कुल्लू जिले की गड़सा घाटी में बादल फटने का समाचार है। भलाण एक पंचायत के खोड़ाआगे में शुक्रवार शाम को बादल फटा है। बादल फटने से नाले में बाढ़ आ गई। भूस्खलन के चलते खोड़ाआगे गांव के 30 मकानों को खाली कर दिया गया है। गड़सा-खोड़ाआगे सड़क बाढ़ में बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई है। बादल फटने के बाद गांव के लोगों में दशहत का माहौल है। भलाण एक पंचायत प्रधान कोयला देवी ने कहा कि पालगी से नीचे ओर खोड़ाआगे में भूस्खलन का खतरा बना हुआ है। सिरमौर जिले के नाहन में सीजेएम आवास के पास शिमला रोड पर सड़क के किनारे भूस्खलन हुआ है। यहां पार्क की गईं दो गाड़ियां डंगे से नीचे गिर गईं। मुख्य सड़क यातायात के लिए सुचारू है। वहीं, चंबा जिले के भरमौर और भटियात उपमंडल के सभी स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र आज बंद रहेंगे। जिला प्रशासन ने स्कूल, आंगनबाड़ी केंद्र बंद रखने के आदेश जारी किए हैं। जिले में सुबह से हो रही मूसलाधार बारिश के चलते यह फैसला लिया गया है। मौसम केंद्र के अनुसार, हिमाचल प्रदेश में चल रही वर्षा गतिविधि में आज से अगले 48 घंटों के लिए वृद्धि होने की संभावना है। अगले 24 से 48 घंटों के दौरान चंबा, कांगड़ा, शिमला, कुल्लू, मंडी, बिलासपुर, सोलन और सिरमौर जिले के कुछ क्षेत्रों में बहुत भारी बारिश की संभावना है। वहीं, ऊना, हमीरपुर, किन्नौर और लाहौल जिले में भारी बारिश की संभावना है। इस अवधि के दौरान प्रदेश के निचले और मध्य पर्वतीय जिलों में चार दिनों तक भारी बारिश हो सकती है। अगले 4 से 5 दिनों के दौरान औसत अधिकतम और न्यूनतम तापमान सामान्य रहने की संभावना है। प्रदेश के कई भागों में 27 जुलाई तक बारिश का सिलसिला जारी रहने के आसार हैं।
View More शिमला-कुल्लू में बादल फटा, तीन लापता; चंबा में स्कूल-आंगनबाड़ी बंद, बारिश का येलो-ऑरेंज अलर्टरानीखेत-रामनगर हाईवे से नहीं हटा मलबा
रानीखेत (अल्मोड़ा)। रानीखेत-रामनगर राजमार्ग पर लंबे समय से डंप मलबा नहीं हटाया जा सका जो यात्रियों के साथ ही वाहन चालकों के लिए परेशानी का सबब बन रहा है। मलबा डंप होने से सड़क संकरी हो गई है जिससे दुर्घटना का खतरा बना हुआ है। तेज बारिश होने के कारण एक सप्ताह पूर्व एसएसबी मुख्यालय के पास दीवार क्षतिग्रस्त होने से मलबा और पत्थर सड़क पर गिर गए थे जो नहीं हटाए गए हैं। ऐसे में सड़क संकरी हो गई है जिससे दुर्घटना का खतरा बना हुआ है। लोगों का कहना है कि अगर इस मलबे को नहीं हटाया गया तो यह पूरी सड़क घेर सकता है। ऐसे में इस म यातायात भी बाधित हो सकता है। चालक किसी तरह इस क्षेत्र से छोटे, बड़े वाहनों का संचालन कर रहे हैं। इससे राहगीरों और वाहन चालकों समेत स्थानीय लोगाें को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मलबा न हटने से लोगों में खासा आक्रोश है। उन्होंने कहा कि कई बार लोक निर्माण विभाग के कई अभियंताओं से मलबा हटाने की मांग की गई लेकिन ऐसा नहीं हो सका है। वहीं लोक निर्माण विभाग खंड के अधिशासी अभियंता (ईई) ओंकार पांडे ने कहा कि जल्द मलबा हटाकर सुरक्षा दीवार का निर्माण किया जाएगा। इसके लिए जरूरी तैयारी की जा रही है।
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नोएडा। जिले के ट्रैफिक सिस्टम को पुनर्गठित किया गया है। अब जिले में दो जोन और सात सर्किल होंगे। यातायात व्यवस्था को और मजबूत बनाने…
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