Category: Political

  • बदरीनाथ में रात्रि विश्राम के बाद दिल्ली रवाना हुए पीएम मोदी

    बदरीनाथ में रात्रि विश्राम के बाद दिल्ली रवाना हुए पीएम मोदी

    चमोली। उत्तराखंड का दो दिवसीय दौरा संपन्न कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दिल्ली लौट गए हैं। पीएम मोदी के विमान ने आज सुबह 7.30 बजे बदरीनाथ से दिल्ली के लिए उड़ान भरी। पीएम मोदी ने रात्रि विश्राम बदरीनाथ में ही किया। पीएम के साथ उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी बदरीनाथ धाम में ही रुके थे। शुक्रवार को बदरीनाथ दौरे के दौरान पीएम मोदी ने मंदिर में पूजा अर्चना की।
    इस बार के दौरे में पीएम मोदी केदारनाथ धाम के बाद बदरीनाथ पहुंचे। बदरीनाथ में बदरी विशाल की पूजा अर्चना करने के बाद वह देश के अंतिम गांव माणा पहुंचे। माणा से उत्तराखंड के साथ पूरे देश को संबोधित किया। अब तक जो लोग उत्तराखंड में बदरीनाथ धाम आते थे, उनमें से बेहद कम लोग इस गांव का रुख करते थे। जबकि बदरीनाथ धाम से चंद मिनटों की दूरी पर यह गांव उत्तराखंड का या यह कहें देश का ऐसा अंतिम गांव है जो चीन की सीमा से लगा हुआ है। माणा गांव की खूबसूरत वादियां, पर्वतों से निकलने वाली नदियां किसी का भी मन मोह सकती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार ऐसा कहा जाता है कि पांडव इसी गांव से होते हुए स्वर्ग की तरफ गए थे। इसलिए इस गांव इस जगह का महत्व और भी बढ़ जाता है

    माणा गांव से प्रधानमंत्री जब देश को संबोधित कर रहे थे, तब उन्होंने इस गांव का किस्सा भी सुनाया। उन्होंने कहा माणा गांव से उनका नाता लगभग 25 साल पुराना है। जब वह भारतीय जनता पार्टी के एक साधारण से कार्यकर्ता हुआ करते थे। तब बीजेपी नेताओं की एक बैठक इसी गांव में बुलाई गई थी। उस वक्त बीजेपी के तमाम नेता इस बात का विरोध और नाराजगी जाहिर कर रहे थे कि आखिरकार इतने ऊंचे गांव में बैठक बुलाने का क्या औचित्य है। तब उन नेताओं को मैंने यह जवाब दिया था कि जब आप इस गांव में आकर यहां समय बिताएंगे, तभी उत्तराखंड के लोगों के दिलों में आपको स्थान मिलेगा। लिहाजा आज मुझे इस गांव में आकर बेहद अच्छा लग रहा है। मोदी ने यहां पर रहने वाले भोटिया जनजाति के लोगों से मुलाकात भी की और यहां पर बनने वाले गर्म कपड़े और अन्य पदार्थों के बारे में भी बारीकी से जानकारी ली।

  • खाते में आया कि नहीं आया E Sharm Card वाले चेक करें1-1 हजार रूपए डिटेल स्टेटस – इंडिया टीवी एमपी तक

    खाते में आया कि नहीं आया E Sharm Card वाले चेक करें1-1 हजार रूपए डिटेल स्टेटस – इंडिया टीवी एमपी तक

    खाते में आया कि नहीं आया E Sharm Card वाले चेक करें1-1 हजार रूपए डिटेल स्टेटस – इंडिया टीवी एमपी तक

    E Shram Card Payment Status Check : देश भर में लगभग 28 करोड़ श्रमिकों ने ई-श्रम पोर्टल पर अपना पंजीकरण कराया है। इस लेबर कार्ड योजना का लाभ लेने के लिए असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को ई श्रम कार्ड की आधिकारिक वेबसाइट eshram.gov.in पर जाकर पंजीकरण कराना होगा।

    E Shram Card Payment Status Check

    असंगठित क्षेत्र में काम करने वाला कोई भी भारतीय श्रमिक ( Labour ) , जिसकी उम्र 16 से 59 साल के बीच है, इस लेबर कार्ड ( Labour Card ) योजना में अपना पंजीकरण करा सकता है। आपको बता दें कि सरकार ने असंगठित क्षेत्र में काम करने वाले मजदूर वर्ग के लोगों को आर्थिक सुरक्षा देने के लिए 2020 में ई श्रम कार्ड ( E Shram Card ) की शुरुआत की थी।

    ये लोग कर सकते हैं रLabour Card जिस्ट्रेशन
    ई श्रम कार्ड ( E Shram Card ) के लिए असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों ( Labour ) में शॉप वर्कर/सेल्समैन/हेल्पर, ऑटो ड्राइवर, ड्राइवर, पंचर मेकर, चरवाहा, डेयरी मैन, सभी पशुपालक, पेपर हॉकर, जोमैटो और स्विगी के डिलीवरी बॉय, अमेज़न फ्लिपकार्ट डिलीवरी बॉय, ईंट भट्ठे पर काम करने वाले मजदूरों को शामिल किया गया है। ये सभी लोग लेबर कार्ड ( Labour Card ) बनवा सकते हैं।

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    E Shram Card भुगतान की स्थिति

    यदि आपने ई श्रम कार्ड ( E Shram Card ) पोर्टल पर अपना पंजीकरण कराया है, तो यह खबर आपके काम आई है। सरकार ई-श्रम कार्ड रखने वाले श्रमिकों ( Labour ) के खाते में रखरखाव के लिए भत्ता जारी करती है। जो लोग इसके लिए पात्र हैं, उनके खाते में सरकार द्वारा समय-समय पर पैसा जमा किया जाता है। आपको बता दें कि अब लेबर कार्ड ( Labour Card ) की अगली किस्त जल्द ही मजदूरों के खाते में आने वाली है. अगर आपको भी पैसे नहीं मिले हैं तो आप इस तरह से अपना पेमेंट स्टेटस चेक कर सकते हैं।

    ये सुविधाएं मिलेंगी
    ई श्रम कार्ड ( E Shram Card ) योजना में लोगों को 2 लाख रुपये तक का दुर्घटना बीमा कवर मिलता है। इस योजना से श्रमिक ( Labour ) लाभार्थियों को पेंशन का लाभ सरकार बाद में दे सकती है। गर्भवती महिलाओं के भरण-पोषण पर खर्चा मिल सकता है। साथ ही लेबर कार्ड ( Labour Card ) धारकों को घर बनाने के लिए सरकार की ओर से पैसा मिलेगा। बच्चे की पढ़ाई के लिए सरकार आर्थिक मदद देगी।

    ऐसे जानें स्टेटस : E Shram Card Payment Status Check
    अगर श्रमिक ( Labour ) के खाते में ई-श्रम पोर्टल के जरिए पैसा आया है। तो आप स्थिति की जांच कर सकते हैं । ई श्रम कार्ड ( E Shram Card ) खाते से जुड़े मोबाइल नंबर का मैसेज चेक करें। अगर मोबाइल नंबर लिंक नहीं है तो आप पोस्ट ऑफिस या बैंक में जाकर पता कर सकते हैं। इसके अलावा पासबुक डालकर पता कर सकते हैं। की लेबर कार्ड ( Labour Card ) का पैसा आपके खातें में आया की नही !

    Labour Card की किश्त जल्द आएगी : E Shram Card Payment Status Check

    केंद्र सरकार ने श्रमिकों ( Labour ) के खातों में पैसा जमा करने के लिए देशभर से श्रमिकों का डेटा एकत्र किया है ! उत्तर प्रदेश सरकार ने मार्च 2022 तक ई श्रम कार्ड ( E Shram Card ) धारक श्रमिकों के खाते में पैसा जमा किया है। इसमें 2 करोड़ से अधिक श्रमिकों को शामिल किया गया है और उनके खाते में 1000 रुपये भी जमा किए गए हैं। अब लेबर कार्ड ( Labour Card ) पेमेंट की अगली किश्त 500 रुपये देनी है। यह पैसा डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के तहत जमा किया जा रहा है।

    E Shram Card में इन योजनाओं का लाभ उठाएं
    ई श्रम कार्ड ( E Shram Card ) के श्रमिकों को प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना, स्वरोजगार के लिए राष्ट्रीय पेंशन योजना, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, सार्वजनिक वितरण प्रणाली के लाभ, अटल पेंशन योजना , लेबर कार्ड ( Labour Card ), प्रधानमंत्री आवास योजना, राष्ट्रीय सामाजिक सहायता योजना, आयुष्मान भारत, प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजनाएँ भी उपलब्ध हैं। सभी श्रमिक ( Labour ) अपना कार्ड बनवा सकतें है

  • उसलापुर से सकरी खस्ताहाल सड़क से आमजनता परेशान..देखकर भी अनजान बने तखतपुर विधायक व महापौर

    उसलापुर से सकरी खस्ताहाल सड़क से आमजनता परेशान..देखकर भी अनजान बने तखतपुर विधायक व महापौर

    बिलासपुर/स्वराज टुडे:  जिस प्रकार पूरे प्रदेश की सड़कों का हाल बेहाल है उसी प्रकार बिलासपुर की उसलापुर से सकरी पहुचने वाली सड़क का हाल है डेढ़ किलोमीटर की सड़क को पार करने में लगते है लगभग पौंन घण्टा, इतनी खराब सड़क है कि आये दिन दुर्घटना होती रहती है सड़क जाम आये दिन का किस्सा बन गया है जाम में फंसे तो निकलने में एक घण्टे से ऊपर भी लग सकता है इस क्षेत्र के लोगो के अलावा तखतपुर,मुंगेली से आने वालों को बिलासपुर शहर आने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।

    बढ़ता ट्रैफिक को देखते हुए भाजपा के शासन में सड़क चौड़ीकरण की योजना बनी थी

    इस सड़क को भाजपा शासन में चौड़ा करने का प्लान बना था उस समय तखतपुर के विधायक राजू क्षत्री थे बिलासपुर के विधायक अमर अग्रवाल थे और उस समय ये क्षेत्र नगर निगम में शामिल नही हुआ था लेकिन उस समय भाजपा के दो नेता एक केबिनेट मंत्री दूसरा राज्य मंत्री दर्जा प्राप्त थे तभी इस उसलापुर से सकरी की रोड चौड़ी करने का अमर अग्रवाल पूर्वमंत्री का प्लान था कि शहर बढ़ रहा है उसके अनुसार टट्राफिक भी बढ़ रहा है सड़को का चौड़ीकरण करना आवश्यक है क्योकि उन्होंने ही नेहरू चोक से लेकर उसलापुर तक सड़क को चौड़ीकरण किया था हा उस समय पर्यावरण प्रेमियों ने सड़क किनारे वर्षो पुराने पेड़ो को काटने को लेकर विरोध किया था लेकिन सड़क का चौड़ीकरण आज लगता है कि ज्यादा जरूरी थी लेकिन पूर्व मंत्री ने पेड़ो के बदले सड़क किनारे पेड़ भी लगवाए थे जो आज सड़क किनारे दिखाई दे रहे है।यदि भाजपा की सरकार रहती तो शायद ये सड़क का भी चौड़ीकरण हो गया होता ।

    सरकार क्या बदली सड़को की स्थिति भी बदल गई बद से बत्तर हो गई

    सरकार बदली ओर सड़क सरकार के चार वर्ष पूरे हो गए मरम्मत तक नही हुई है सड़क का चौड़ीकरण तो दूर की बात है सड़क का हाल इतना बुरा हो गया है कि आयेदिन कोई न कोई दुर्घटना हो रही है पुल से लगे पांच सौ मीटर का रास्ता इतना खराब है कि सड़कों में गढ्ढे ही गढ्ढे नजर आते है जाम अलग से इतना लगता है कि डेढ़ किलोमीटर के रास्ते को पौन घण्टा लग जाता है ।

    जिम्मेदार जनप्रतिनिधि को आखिर कब दिखाई देगी ये सड़क 

    तखतपुर की विधायक रश्मि सिंह राज्यमंत्री दर्जा प्राप्त इसी सड़क को पार करके ही अपने क्षेत्र में संपर्क के लिए जाती होंगी लेकिन उन्हें ये सड़क क्यो नही दिखाई दे रही है सड़क इतनी खराब हो चुकी है कि इस पर अच्छी से अच्छी लग्जरी गाड़ी में भी यदि विधायक जाती होंगी तब भी उन्हें सड़क के खस्ता हाल का पता चलता होगा ,उन्ही के विधानसभा के अधिकांश लोग इसी सड़क से होकर शहर में आते है सड़क का मरम्मत होना अत्यंत आवश्यक हो गया नही तो आये दुर्घटना ,जाम बना रहेगा।

    पूर्व सरपंच अशोक ठाकुर उसलापुर का कहना है

    अशोक ठाकुर उसलापुर के पूर्व सरपंच रहे है उन्होंने कहा कि सड़क की मरम्म्त के साथ चौड़ीकरण के लिए एक प्रतिनिधि मण्डल पीडब्ल्यूडी ऑफिस गया था और उसे जल्द से जल्द बनाने की मांग की उन्होंने बताया कि 12 करोड़ रुपये इस रोड के सेन्शन हुआ है लेकिन पीडब्ल्यूडी का कहना है कि इतने में काम नही हो सकता तो उन्होंने विधायक रश्मि सिंह को 32 करोड़ रुपये का प्रपोजल दिया हुआ है राशि आने के बाद ही सड़क का निर्माण हो पायेगा ।

  • दिल्ली में सभी व्यवसायिक वाहन चालक और मालिक सीएनजी पर सब्सिडी ना मिलने के विरोध में कर सकते हैं हड़ताल, कौन कहलाएगा जिम्मेदार ?

    दिल्ली में सभी व्यवसायिक वाहन चालक और मालिक सीएनजी पर सब्सिडी ना मिलने के विरोध में कर सकते हैं हड़ताल, कौन कहलाएगा जिम्मेदार ?

    दिल्ली सरकार और परिवहन विभाग द्वारा दिल्ली में चल रही कलस्टर कम्पनियों से किए गए एग्रीमेंट के अनुसार प्रति किलो मीटर की देय राशी से 100 प्रतिशत से भी अधिक राशी पर पेमेंट कर रहे हैं, आख़िर क्यों ?

    एग्रीमेंट के अनुसार इसे वायबल्टी फंडिंग गैप कहते हैं और बड़े हुए खर्चों के अनुसार प्रति किलो मीटर देय राशि को बड़ा कर देना जरूरी है। इसका अर्थ साफ है की परिवहन विभाग और दिल्ली सरकार भली भांति परिचित हैं की कब दिल्ली के व्यवसायिक वाहन मालिको को कितने प्रतिशत के अनुसार किराया बढ़ाना जरूरी था पर दिल्ली में सभी वाहन मालिकों को बर्बाद करने की अपनी ख्वाहिशों को पूरा करने के कारण ना तो किराया बढ़ाया और ना ही किसी प्रकार की सब्सिडी दी और ऊपर से जबरदस्ती वाहन मालिकों से सभी सरकारी देय राशि ब्याज समेत वसूलने और अन्य अपने साथ जुड़ी कंपनियों जिन्होंने अपना दायित्व भी नही निभाया के लिए भी देय राशि ब्याज समेत मांग रहे हैं।

    दिल्ली सरकार और परिवहन विभाग की मिली जुली कार्यशेली और नीतियां सिर्फ क्लस्टर कंपनियों और एप बेस्ड कंपनियों जिन पर इनका रूतबा या ताकत काम नहीं कर रहीं को पूर्ण फायदा देने और बाकी सभी को बर्बाद करने के लिए लागू है।

    दिल्ली में सार्वजनिक वाहन सेवा प्रदान करने वाली अधिकतर श्रेणियां (आरटीवी, ग्रामीण सेवा, ईको फ्रेंडली सेवा, फटफट सेवा) अब दिल्ली की जनता को सड़कों पर बहुत कम नज़र आ रहे होगें और अब दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार बनवाने वाले ऑटो, टैक्सी आदि वाहन भी जल्द कम दिखने लगेंगे क्योंकि लगातर सब दिल्ली सरकार और परिवहन विभाग से सीएनजी पर सब्सिडी या सभी वाहनों को क्लस्टर कंपनियों की तरह प्रति किलो मीटर की देय राशी पर चलवाने की मांग कर रहे थे पर दिल्ली सरकार और परिवहन विभाग ने अपना क्लस्टर कंपनियों के लगाव में किसी की भी मांग पर ध्यान नहीं दिया और सभी मांगों को रद्दी की टोकरी दिखा दी।

    अब दिल्ली के सभी व्यवसायिक वाहन मालिको ने आपस में बातें कर दिल्ली में चक्का जाम करने का फैसला लेने का विचार व्यक्त किया है।

    यह बिलकुल सच है की अगर दिल्ली के व्यवसायिक वाहन मालिको ने दिल्ली में चक्का जाम और हड़ताल का फैसला कर लिया तो दिल्ली में जनता को परेशानी उत्पन्न होगी और उसके लिए ज़िम्मेदार होंगे दिल्ली सरकार और परिवहन विभाग।

    जनहित में जारी
    संजय बाटला

  • अन्य पिछड़ा वर्ग एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग आय के छूटे हुए लोगों के लिए 17 अक्टूबर 2022 तक का मौका अपना एवं परिवार के सदस्यों का कर सकते हैं पंजीयन

    अन्य पिछड़ा वर्ग एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग आय के छूटे हुए लोगों के लिए 17 अक्टूबर 2022 तक का मौका अपना एवं परिवार के सदस्यों का कर सकते हैं पंजीयन

    भिलाई नगर/ अन्य पिछड़ा वर्ग एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लोगों के लिए फिर से वेब पोर्टल खोला गया है। ऐसे छूटे हुए लोग जो इस दायरे में आते हैं वह अपना पंजीयन करा सकते हैं, इसके साथ ही अपने परिवार के सदस्यों का भी पंजीयन करा सकते हैं। छत्तीसगढ़ क्वांटीफायबल डाटा आयोग ने अन्य पिछड़ा वर्ग से संबंधित सभी अधिकारी/कर्मचारियों के द्वारा पंजीयन को लेकर आदेश प्रसारित किया है। अधिकारी/कर्मचारियों के द्वारा पंजीयन नहीं कराने के कारण छूटे हुए अन्य पिछड़ा वर्ग से समस्त व्यक्तियों को नवीन पंजीयन किए जाने के लिए mop up round के तहत दिनांक 16 सितंबर 2022 से 17 अक्टूबर 2022 तक के लिए पोर्टल खोला गया है, जिसका सोमवार को अंतिम दिन होगा। जिससे समस्त अन्य पिछड़ा वर्ग के शासकीय अधिकारी/कर्मचारी भी इस अवधि में स्वयं एवं अपने परिवार के सदस्यों का पंजीयन करा सकते है। महापौर नीरज पाल एवं आयुक्त रोहित व्यास ने छूटे हुए लोगों से अनिवार्य रूप से पंजीयन करने हेतु अपील की है। पोर्टल में नवीन पंजीयन के लिए वेब पोर्टल cgqdc.in login एवं मोबाइल ऐप cgqdc पर भी उपलब्ध है जिस पर संबंधित व्यक्ति स्वयं तथा अपने परिवार के सदस्यों का पंजीयन कर सकते हैं। भिलाई निगम कार्यालय के सभी अधिकारी/कर्मचारियों को एवं अपने परिवारों के सदस्यों का आवश्यक रूप से पंजीयन दर्ज कराना होगा। क्वांटीफायबल डाटा आयोग द्वारा नवीन पंजीयन करने हेतु छूटे हुए लोगों के लिए एक सुनहरा मौका दिया जा रहा है। भिलाई निगम अपील करता है की अंतिम दिन में अपना और परिवार का पंजीयन अवश्य करा ले।

  • ड़क पर उतरी भाजपा , भाजपा के सारे दिग्गज सड़क पर , हजारों लोगो के साथ हुआ जनांदोलन का आगाज ,पढ़िए पूरी ख़बर

    ड़क पर उतरी भाजपा , भाजपा के सारे दिग्गज सड़क पर , हजारों लोगो के साथ हुआ जनांदोलन का आगाज ,पढ़िए पूरी ख़बर

    सड़क सहित कई मुद्दों को लेकर भाजपा द्वारा प्रायोजित पद पद यात्रा की शुरुआत हो गई है।बंदर चुआ से फरसा बहार तक चलने वाले 2 दिवसीय पद यात्रा में भाजपा सांसद गोमती साय पूर्व सांसद विष्णुदेव साय, पूर्व सांसद नंदकुमार साय ,भाजपा के पूर्व विधायक भरत साय, पूर्व विधायक रोहित साय, भाजपा के प्रदेश मंत्री प्रबल प्रताप जूदेव ,जिला पंचायत अध्यक्ष रायमुनी भगत ,जिला पंचायत उपाध्यक्ष उपेंद्र यादव सहित जिले के कई दिग्गज भाजपा नेता शामिल रहम हजारों कार्यकर्ताओं के साथ नेताओं का दल फरसाबहार के लिए रवाना हो चुका हैं ।आज छाताबर गांव में सारे पदयात्री रात को   विश्राम करेंगे और सुबह फिर से फरसाबहार के लिए पदयात्रा रवाना हो जाएंगी ।

    बंदरचुआ स्थित अटल चौक पर पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी बाजपेई की प्रतिमा पर फूल अर्पित कर पद यात्रा की शुरुआत की गई।

    पदयात्रा से पहले भाजपा के दिग्गज आदिवासी नेता नंदकुमार साय,पूर्व भाजपा अध्यक्ष विष्णुदेव साय ,सांसद गोमती साय और प्रबल प्रताप ने सभा को संबोधित करते हुए प्रदेश की सरकार को लबरा सरकार बताया और कहा कि कांग्रेस ने 36 गढ़ के चुनाव में 36 वादे किए थे लेकिन एक भी वादा इन्होंने पूरा नहीं किया ।यही वजह है कि आज इतने सारे लोग सरकार की वादा खिलाफी के साथ एक साथ खड़े हो गए है

  • CM धामी ने भारत के साथ राजदूतों से की भेंट ,हुई चर्चा। आखिर किस विषय पर और क्यों ?

    CM धामी ने भारत के साथ राजदूतों से की भेंट ,हुई चर्चा। आखिर किस विषय पर और क्यों ?

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से सोमवार को मुख्यमंत्री आवास में विभिन्न देशों में कार्यरत भारत के सात राजदूतों ने भेंट की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री एवं राजदूतों के मध्य विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई।मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य के वन डिस्ट्रिक्ट टू प्रोडक्ट को विभिन्न देशों में बढ़ावा देने के लिए राजदूतों से सहयोग लिया जाएगा। उत्तराखंड के स्थानीय उत्पादों की लोगों को  विभिन्न देशों में जानकारी हो इसके लिए और प्रयासों की जरूरत है। उन्होंने कहा की उत्तराखंड में पर्यटन, उद्योग,हार्टिकल्चर के क्षेत्र में अनेक संभावनाएं हैं। इनको बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार निरंतर प्रयास कर रही है।

    मुख्यमंत्री ने सभी राजदूतों से कहा कि जिन देशों में वे कार्य कर रहे हैं, उन देशों की बेस्ट प्रैक्टिस की जानकारी उत्तराखण्ड शासन के अधिकारियों को दी जाय। मुख्यमंत्री ने शासन के अधिकारियों को निर्देश दिए कि आज और कल राजदूतों के साथ विभिन्न विषयों पर होने वाली बैठकों में जो भी सुझाव प्राप्त होते हैं, उनका पूरा डॉक्यूमेंटेशन किया जाय। उत्तराखंड को उत्कृष्ट उत्तराखण्ड बनाने के लिए इन सुझावों को अमल में लाकर कार्ययोजना बनाने के निर्देश मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को दिए हैं।

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य में इंफ्रास्ट्रक्चर एवं कनेक्टिविटी का तेजी से प्रसार हो रहा है। उन्होंने राजदूतों को सुझाव दिया कि राज्य में विभिन्न उत्पादों की जानकारी, टूरिज्म, स्थानीय कल्चर एवं सांस्कृतिक विरासत से संबंधित जानकारी के लिए विभिन्न देशों से लोग उत्तराखण्ड आना चाहते हैं तो इसकी भी जानकारी दी जाय। देवभूमि उत्तराखण्ड में सबका स्वागत किया जायेगा और हर संभव सहयोग दिया जायेगा इस अवसर पर विभिन्न देशों में कार्य कर रहे राजदूतों ने सुझाव दिया कि राज्य के पर्वतीय अंचल के उत्पादों एवं भोजन को राज्य की ओर से बढ़ावा दिया जाना चाहिए। राज्य के उत्पादों को बढ़ावा देने के साथ ही उनकी मेनुफेक्चरिंग,ब्रांडिंग एवं पैकेजिंग की अच्छी व्यवस्था हो।

     

    बैठक में सुझाव दिया गया कि उत्तराखंड को योग और वेलनेस टूरिज्म के रूप में वैश्विक स्तर पर तेजी से उभारा जा सकता है। उत्तराखंड योग की भूमि रही है। यहां से प्रशिक्षण लेकर विभिन्न देशों में लोग योग का प्रशिक्षण दे रहे हैं। अधिक से अधिक लोग राज्य में योग का प्रशिक्षण ले सकें, इसकी राज्य में अच्छी व्यवस्था की जा सकती है।इस अवसर पर स्वीडन में भारत के राजदूत तन्मय लाल,तजाकिस्तान में भारत के राजदूत विराज सिंह, पनामा में भारत के राजदूत उपेन्द्र सिंह रावत, ब्रूनेई में भारत के राजदूत आलोक अमिताभ, केन्या में भारत की राजदूत सुश्री नामग्या खम्पा, स्लोबानिया में भारत की राजदूत श्रीमती नम्रता एस कुमार, अल्जीरिया में भारत के राजदूत गौरव अहलूवालिया, सचिव डॉ. पंकज कुमार पांडेय एवं अपर सचिव नितिन भदौरिया उपस्थित थे।

     

     

  • ईडी की कार्रवाई से खुली प्रदेश में भ्रष्टाचार की पोल- भाजपा

    ईडी की कार्रवाई से खुली प्रदेश में भ्रष्टाचार की पोल- भाजपा

    छत्तीसगढ़ में ईडी के छापों एवं ईडी द्वारा जारी किए गए प्रेस नोट के उपरांतभाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष लखनलाल देवांगन ने प्रेस को संबोधित करते हुए कहा कि ईडी के प्रेस नोट ने छत्तीसगढ़ में हो रहे बड़े भ्रष्टाचार के रकेट की पोल खोल दी है। हम सब ने कभी सोचा भी नहीं था कि कांग्रेस के शासन में छत्तीसगढ़ में छत्तीसगढ़ के आदिवासियों, का किसानों का आम जनता का मेहनत का पैसा, भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ाया जाएगा। एक तरफ सरकारी योजनाओं को देने के लिए सरकार के पास पैसे नहीं है और दूसरी तरफ छत्तीसगढ़ में सरकारी संरक्षण में भ्रष्टाचार ने अपनी सारी से सीमाएं लांघ दी है। यह छत्तीसगढ़ के इतिहास के लिए एक काला अध्याय है।

    बड़े दुर्भाग्य का विषय है कि कांग्रेस के शासन में भ्रष्टाचार के लिए पूरा रैकेट बनाया गया है जिसमें वरिष्ट नौकरशाह, व्यापारी राजनेता और बिचौलिए जुड़े है और छत्तीसगढ़ राज्य में परिवहन किए गए प्रत्येक टन कोयले से 25 रुपये प्रति टन की अवैध वसूली कर रहे हैं। प्रतिदिन 2 से 3 करोड रुपये जबरन वसूले जा रहे है। इस प्रकार हजारों करोड़ रुपये वसूली कर गलत कृत्यों में इस्तेमाल किए जा रहे है।

    ईडी के प्रेस नोट का हवाला देते हुए कहा ईडी ने करीब 45 करोड़ रुपये की बेहिसाबी नकदी,

    सोने के आभूषण, सराफा और करीब दो करोड़ रुपये मूल्य के अन्य कीमती सामान जब्त किए गए हैं।

    कहा कि भ्रष्टाचार करने के लिए बाकायदा नियम बदले गए कोयले को खदानों से उपयोगकर्ताओं तक मैनुअल जारी करने के लिए ई-परमिट की पूर्व ऑनलाइन प्रक्रिया को संशोधित किया गया था। अनापत्ति प्रमाण पत्र इस संबंध में कोई एसओपी या प्रक्रिया परिचालित नहीं की गई थी। भ्रष्टाचार किस प्रकार से, किस प्रक्रिया के तहत किया जा रहा है इसकी भी विस्तार जानकारी ईडी ने अपने प्रेस नोट में दी है।

    दिनांक 15.7.22 से बिना किसी एसओपी के 30,000 से अधिक एनओसी जारी किए गए हैं। आवक और जावक रजिस्टरों का रखरखाव नहीं किया गया था। अधिकारियों की भूमिका पर कोई स्पष्टता नहीं है। ट्रांसपोर्टर का नाम, कंपनी का नाम आदि जैसे कई विवरण खाली छोड़ दिए गए हैं।

    तलाशी एवं जांच के दौरान श्री लक्ष्मीकांत तिवारी के पास से 1.5 करोड़ रुपये नकद बरामद किया गया। उसने स्वीकार किया है कि वह रोजाना 1-2 करोड़ की जबरन वसूली करता था।

    जिन अधिकारियों की शिकायत को आधार बनाकर मुख्यमंत्री जी ईडी पर कार्रवाई की कर रहे हैं उनके घर 47 लाख रुपये की बेहिसाब नकदी और 4 किलो के सोने के आभूष मुख्यमंत्री जी और सरकार बताएं अधिकारियों के पास इतने पैसे और सोना मिलने पर उन्हें आश्चर्य क्यों नहीं हुआ।

    भाजपा प्रेसवार्ता के माध्यम से कांग्रेस सरकार से सवाल पूछना चाहती है…

    1) ईडी के प्रेस नोट में विस्तार से भ्रष्टाचार की प्रक्रिया जब्त की गई बेहिसाब राशि, आभूषण, नकदी की जानकारी आने के बाद माननीय मुख्यमंत्री जी इस्तीफा देगे ?

    2) भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रही लड़ाई में बाधा बनने के लिए क्या मुख्यमंत्री जी जनता से माफी मांगेंगे ?

    3) क्या कांग्रेस सरकार अब यह बताएगी कि अधिकारियों राजनेताओं, व्यापारियों का यह भ्रष्टाचार रैकेट 10 जनपथ दिल्ली में कितने रुपए पहुंचा रहा है?

    4) अधिकारियों के घर से नकदी ,आभूषण और अनेक बेहिसाब चीजें मिलने के बाद भी अब तक उन पर निलंबन की कार्यवाही क्यों नहीं हुई है?

    5) जो लोग सरकारी पदों पर या सरकार द्वारा मनोनीत है और जिन पर हुई है, उन्हें तत्काल प्रभाव से हटाया क्यों नहीं गया?

    टीपी  नगर स्थित भाजपा कार्यालय में आयोजित इस प्रेसवार्ता में पूर्व गृहमंत्री व रामपुर विधायक ननकी राम कंवर, पूर्व संसदीय सचिव व भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष लखनलाल देवांगन, भाजपा जिलाध्यक्ष डॉ राजीव सिंह व जिला महामंत्री संतोष देवांगन समेत बड़ी संख्या में पत्रकारगण उपस्थित रहे।।

  • महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में प्रशासनिक भवन का गेट बंद कर रिजल्‍ट से असंतुष्‍ट छात्र धरने पर बैठे

    महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में प्रशासनिक भवन का गेट बंद कर रिजल्‍ट से असंतुष्‍ट छात्र धरने पर बैठे

    वाराणसी,,,महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के बहुत से छात्र स्नातक द्वितीय वर्ष के रिजल्ट से असंतुष्ट हैं। दोबारा मूल्यांकन की मांग को लेकर छात्र सोमवार को पंत प्रशासनिक भवन का गेट बंद कर धरने पर बैठ गए हैं।इस दौरान छात्र विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर रहे हैं। जानकारी होने के बाद पहुंचीं चीफ प्राक्टर प्रो. अमिता सिंह ने छात्रों को समझाने का भी प्रयास किया।

    छात्रों के आंदोलन से प्रशासनिक भवन में 100 से अधिक कर्मचारी फंसे हुए हैं। वहीं बाहर से आने वाले छात्र भी प्रशासनिक भवन के गेट खुलने का इंतजार कर रहे हैं। छात्रों का कहना है कि रिजल्ट में तमाम त्रुटियां हैं। सभी पेपर की परीक्षा देने के बावजूद परीक्षार्थी काे एक पेपर में अनुपस्थित दर्शा दिया गया है। बीए प्रथम खंड में राष्ट्रगौरव के जिस परीक्षार्थी को 100 में से 76 अंक मिले हैं। उसी परीक्षार्थी को द्वितीय खंड में राष्ट्रगौरव में अनुपस्थित (एबीएस) दर्शाया दिया गया है।

     

    इसी प्रकार प्रथम के विभिन्न पेपरों में 50 से 60 अंक मिले हैं। वहीं द्वितीय खंड में उसी छात्र को 10 से 30 अंक तक दिया गया है। यही नहीं कुछ परीक्षार्थी को शून्य भी मिला है। रिजल्ट में व्याप्त त्रुटियों को दूर कराने के लिए विश्वविद्यालय ने छात्रों से आवेदन मांगा था। इसके साथ ही 15 अक्टूबर तक समाधान कराने का आश्वासन दिया था। इसके बावजूद अब तक कोई समाधान नही हुआ।

    ऐसे में छात्र आंदोलन के लिए बाध्य है। छात्रों ने तीन दिनों के भीतर समाधान न होने पर व्यापक आंदोलन की चेतावनी दी है। दूसरी ओर विश्वविद्यालय प्रशासन का दावा है कि आवेदन करने वाले छात्रों की कापियों का परीक्षण कराया जा रहा है। 5000 से अधिक आवेदन होने के कारण समय लगाना स्वभाविक है। धरना- प्रदर्शन में मुख्य रुप से रविंद्र सिंह पटेल, अखिलेश यादव, बादल सिंह, गौरव सिंह, प्रियांशु वर्मा, राजन सिंह, अंकित जायसवाल सहित अन्य छात्र शामिल रहे।

  • CM धामी ने किया ISBT का औचक निरिक्षण ,इन कारणों से हुए नाराज़। आखिर क्यों ?

    CM धामी ने किया ISBT का औचक निरिक्षण ,इन कारणों से हुए नाराज़। आखिर क्यों ?

    देहरादून राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आज दोपहर अचानक देहरादून स्थित ISBT बस अड्डे औचक निरिक्षण करने पहुंच गए। वहां गंदगी देखे संचालन करने वाली कंपनी पर सीएम नाराज़ हुए। सीएम ने अपनी नाराजगी दर्शाते हुए अधिकारियो से कहा कि एक माह पश्चात् फिर आऊंगा। तब तक सब कुछ ठीक हो जाना चाहिए।

     

    इस दौरान वह ISBT में लगे वाटर ATM खुद सिक्का डालकर इस्तेमाल किया। सीएम धामी ने अधिकारियो को ISBT की व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के निर्देश दिए है।

    वही सीएम धामी ने देहरादून से अन्य राज्यों में जाने वाले यात्रियों से भी बात की साथ ही तमाम व्यवस्था का पूरा जायजा लिया।