Category: Desh Videsh

  • तेजी से घटाना चाहते हैं वजन, तो डाइट में शामिल करें ये फूड कॉम्बिनेशन

    तेजी से घटाना चाहते हैं वजन, तो डाइट में शामिल करें ये फूड कॉम्बिनेशन

    नई दिल्लीइन दिनों बदलती लाइफस्टाइल और अनहेल्दी फूड्स के कारण वजन बढ़ने की समस्या आम होती जा रही है। आजकल लोग मोटापा के कारण कई गंभीर बीमारियां जैसे डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर आदि समस्याओं से जूझते हैं।

    मोटापा कम करने के लिए लोग हेवी एक्सरसाइज करते हैं, लेकिन इसके अलावा आप अपनी डाइट में बदलाव कर शरीर में जमी चर्बी को कम कर सकते हैं। जिन फूड्स में प्रोटीन और फाइबर की मात्रा अधिक हो, उन्हें वेट लॉस जर्नी में जरूर शामिल करें। माना जाता है कि फल, सब्जियां, मेवे, साबुत अनाज और अंडे वजन घटाने में सहायक हो सकते हैं। ऐसे में आज आपको इस आर्टिकल में कुछ फूड कॉम्बिनेशन के बारे में बताएंगे, जो वजन कम करने में मददगार साबित हो सकते हैं।

    दाल और टमाटर

    आजकल टमाटर के दाम आसमान छू रहे हैं। फिलहाल इसे अपने भोजन में शामिल करना मुश्किल है, लेकिन यह वजन कम करने में मदद कर सकता है। अगर आप दाल में टमाटर डालते है, तो यह खाने में भी स्वादिष्ट लगता है और सेहत को भी कई लाभ मिलते हैं। जहां टमाटर विटामिन और एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर होते हैं, तो वहीं दालें प्रोटीन और फाइबर का अच्छा स्रोत होती हैं। यह आपके पेट को लंबे समय तक भरा रखने में मदद करती हैं। जिससे आप ज्यादा खाने से बचते हैं।

    शहद और नींबू के साथ अदरक

    जैसा कि हम जानते हैं, अदरक पाचन के लिए अच्छा है और सूजन को कम करने में भी मदद कर सकता है। जबकि शहद और नींबू का स्वाद बेहतरीन होता है। नींबू मेटाबॉलिज्म को भी बूस्ट करता है। इससे वजन कंट्रोल होने में मदद मिलती है। इसके लिए एक बाउल में कसा अदरक लें, इसमें शहद और नींबू का रस मिक्स करें और इसका आनंद लें।

    खीरापुदीना और नींबू

    इस ड्रिंक को बनाने के लिए एक गिलास पानी लें। इसमें नींबू के टुकड़े, ताज़ा खीरा और पुदीने की पत्तियां डालें। अगर आप वजन कम करना चाहते हैं, तो इस ड्रिंक को जरूर पिएं, इससे आपके सेहत को भी फायदा मिलेगा।

    नट्स

    नट्स हेल्दी फैट, प्रोटीन और फाइबर से भरपूर होते हैं। इससे सेहत को कई लाभ मिलते हैं। रिसर्च के अनुसार, जिन लोगों ने अधिक मात्रा में नट्स का सेवन किया, उनका वजन नट्स न खाने वालों की तुलना में कम बढ़ा। इसके अलावा, इन लोगों में मोटापे का खतरा भी कम था।

    पुदीने के साथ जामुन

    जामुन में विटामिन्स और खनिज पर्याप्त होते हैं, जबकि पुदीना ताज़गी भरा स्वाद देता है। आप इन दोनों को सलाद में शामिल कर सकते हैं। ये एंटीऑक्सीडेंट गुणों से भरपूर होते हैं।

  • अल्मोड़ा में तीन सड़कें बंद, 12 गांवों के लोगों की दुश्वारी बढ़ी

    अल्मोड़ा में तीन सड़कें बंद, 12 गांवों के लोगों की दुश्वारी बढ़ी

    अल्मोड़ा। जिले में बंद सड़कों की वजह से 12 गांवों के लोग काफी परेशान हैं। तीन सड़कें बंद होने से यहां की चार हजार से अधिक की आबादी को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है और ग्रामीणों का गांवों से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है।

    जिले में बारिश के बाद से तीन सड़कें बंद हैं। उडालीखाल-भेल्टागांव, हिनोला-कानेखल पाटी, पैसिया-पीपना-टनल सड़कों पर आवाजाही ठप रहने से 12 से अधिक गांवों का संपर्क कटा है और यहां की चार हजार से अधिक की आबादी परेशान है। हालात यह हैं कि दैनिक जरूरत के सामान का प्रबंध करने के लिए भी उन्हें बदहाल रास्तों और मलबा, बोल्डरों के बीच किसी तरह जान जोखिम में डालकर आवाजाही करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी विनीत पाल ने बताया कि बंद सड़कों को खोलने का कार्य प्रगति पर है। जल्द ही इन्हें खोलकर आवाजाही शुरू करा दी जाएगी।

  • भारी बारिश से उफान पर आया सूर्या और शेर नाला, वाहनों की आवाजाही रोकी, लगी लंबी कतार

    भारी बारिश से उफान पर आया सूर्या और शेर नाला, वाहनों की आवाजाही रोकी, लगी लंबी कतार

    देहरादून

    हल्द्वानी में मंगलवार को भारी बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। बारिश के बाद सूर्या और शेर नाला उफान पर आ गया जिसके चलते हल्द्वानी -चोरगलिया-सितारगंज मोटर मार्ग पर वाहनों की आवाजाही रोक दी गई। नालों के दोनों तरफ सैकड़ों की संख्या में वाहनों की लंबी कतार लग गई।

    पुलिस स्थानीय जनता, यात्रियों व वाहन चालकों से अनुरोध कर रही है कि सड़क खुलने का इंतजार करें। नाले में पानी ज्यादा होने पर सड़क पार न करें।  उधर, काठगोदाम हैड़ाखान मार्ग पर पहाड़ खिसकने के कारण सड़क पर लगातार मलबा गिर रहा है। सड़क में पानी आने के कारण मार्ग बंद है।

    भारी बारिश की चेतावनी

    उत्तराखंड के पूरे कुमाऊं मंडल में आज मंगलवार को भी भारी बारिश होने के आसार हैं। मौसम विभाग ने पिथौरागढ़, बागेश्वर, अल्मोड़ा, चम्पावत, नैनीताल और ऊधमसिंह नगर के कई इलाकों में बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, जबकि अन्य जिलों में बारिश का यलो अलर्ट है। हालांकि पूरे प्रदेश में बारिश का यलो अलर्ट है।

  • बच्चों की मेंटल हेल्थ को कैसे प्रभावित करती है पेरेंट्स की सख्ती

    बच्चों की मेंटल हेल्थ को कैसे प्रभावित करती है पेरेंट्स की सख्ती

    नई दिल्लीहम सभी ने बचपन में कभी न कभी अपने माता या पिता से डांट जरूर खाई होगी। बच्चों को अनुशासन सिखाने के लिए अक्सर कई पेरेंट्स उनके साथ सख्ती से पेश आते हैं। दरअसल, कई माता-पिता का ऐसा मानना होता है कि बच्चों की सही परवरिश और उन्हें जिम्मेदार बनाने के लिए सख्त अनुशासन बेहद जरूरी है। हालांकि, जरूरत से ज्यादा सख्त अनुशासन और हर बात पर डांटने से बच्चे के मानसिक स्वास्थ्य पर गहरा असर पड़ता है। हाल ही में इसे लेकर एक स्टडी भी सामने आई है।

  • खाई में गिरी पर्यटकों की कार, दो की मौत, पांच लोग घायल

    खाई में गिरी पर्यटकों की कार, दो की मौत, पांच लोग घायल

    कालाढूंगी(नैनीताल) कालाढूंगी नैनीताल मार्ग पर रविवार देर रात दर्दनाक हादसा हो गया। प्रिया बैंड पर यूपी के पर्यटकों की कार गहरी खाई में गिर गई। हादसे में दो लोगों की मौत हो गई। वहीं, पांच लोग घायल हो गए। घायलों को हल्द्वानी के सुशीला तिवारी अस्पताल रेफर किया गया है।
    जानकारी के अनुसार, रविवार रात करीब 11 बजे गोरखरपुर के परिवार के सात लोग कार संख्या up51z1829 से नैनीताल की तरफ जा रहे थे। इस दौरान अचानक प्रिया बैंड पर उनकी कार अनियंत्रित हो गई और खाई में जा गिरी।

    दोनों भाईयों की गई जान

    हादसे में राहुल श्रीवास्तव(35) व राजीव श्रीवास्तव(30) पुत्र प्रेमचंद की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, हादसे की सूचना पुलिस को सुबह मिली। सूचना मिलते ही टीम ने मृतकों व घायलों को गहरी खाई से निकाला। साथ ही मृतकों का पंचनामा भरकर घायलों को अस्पताल में भर्ती करवाया।

  • मोतीचूर क्षेत्र में पैसेंजर ट्रेन की चपेट में आकर गुलदार की मौत

    मोतीचूर क्षेत्र में पैसेंजर ट्रेन की चपेट में आकर गुलदार की मौत

    श्यामपुर(ऋषिकेश)

    ऋषिकेश के मोतीचूर वन क्षेत्र में सौंग नदी की रेल पटरी पर एक गुलदार पैसेंजर ट्रेन की चपेट में आ गया। इस दौरान मौके पर ही उसकी मौत हो गई। ट्रेन की स्पीड इतनी तेज थी कि गुलदार का शव टुकड़ों मे तब्दील हो गया। हादसे की सूचना मिलते ही वन विभाग में हड़कंप मच गया। मौके पर पहुंची टीम ने शव को कब्जे मे लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। साथ ही घटना की जांच पड़ताल मे जुट गई है।

    बता दें कि ऋषिकेश से सटे राजाजी टाइगर रिजर्व नेशनल पार्क के पास मोतीचूर वन रेंज के पास ही रेलवे ट्रैक है। सुबह एक पैसेंजर ट्रेन योग नगरी रेलवे स्टेशन पर आ रही थी। वन विभाग के अनुसा, गुलदार के पटरी पार करने के दौरान वह ट्रेन की चपेट में आ गया।

    पहले भी हो चुकी जानवरों की मौत

    इन दिनों बरसात के दौरान पार्क मे मौजूद जंगली जानवर स्थान परिवर्तन करते हैं। जानवर के ट्रेन की चपेट में आने का यह कोई पहला मामला नहीं है। ऐसा इस स्थान पर वहले भी कई बार हो चुका है।

  • संदिग्ध परिस्थितियों में करुणाश्रय अस्पताल में मिला युवक का शव

    संदिग्ध परिस्थितियों में करुणाश्रय अस्पताल में मिला युवक का शव

    सुलतानपुर, रविवार देर शाम जनपद के करुणाश्रय अस्पताल के प्रथम तल के शौचालय के पास युवक का शव मिला।सूचना पर पहुची पुलिस  शव की शिनाख्त करते हुए कार्यवाही में जुट गई। कुड़वार थाना क्षेत्र के पूरे बलभद्र मिश्र डोमनपुर निवासी संतोष मिश्रा(35)पुत्र अवधेश मिश्रा का शव करुणाश्रय अस्पताल में संदिग्ध परिस्थितियों में मिला।अस्पताल कर्मियों की सूचना पर पहुंची पुलिस शव के शिनाख्त में जुट गई।मृतक युवक के पिता परिवार सहित अमेठी जनपद के मुसाफिरखाना में मकान बना कर रहते है।कुछ देर बाद शव की शिनाख्त हो जाने पर युवक के पिता के साथ अन्य परिजन पहुंचे।पिता ने बताया कि मेरे परिवार का कोई भी व्यक्ति अस्पताल में भर्ती भी नहीं है तो मेरा बेटा यहाँ कैसे पहुँचा।इस बात का पता नहीं चल रहा है।नगर कोतवाली पुलिस ने शव का पंचनामा करके पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।मृतक युवक का एक ही पुत्र महर्षि(9) है।मृतक की माँ मालती मिश्रा,भाई वेद मिश्रा व पत्नी इंदू मिश्रा(32)का रो- रोकर बुरा हाल है।नगर कोतवाल राम आशीष उपाध्याय ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौप दिया गया।घटना के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।
  • छह सड़कों पर थमे रहे वाहनों के पहिए, आठ हजार की आबादी परेशान

    छह सड़कों पर थमे रहे वाहनों के पहिए, आठ हजार की आबादी परेशान

    अल्मोड़ा। बारिश के बाद जिले में छह सड़कें बंद हैं। इन सड़कों पर आवाजाही ठप होने से 20 से अधिक गांवों का जिले से संपर्क कटा है और यहां की आठ हजार से अधिक की आबादी परेशान है।

    अल्मोड़ा में बारिश के बाद मलबा और बोल्डर गिरने से छह सड़कें बंद हैं। ऐसे में 20 से अधिक गांव अलग-थलग पड़े हैं और इनका सड़क संपर्क पूरी तरह कटा है। इन गांवों की आठ हजार से अधिक की आबादी का गांवों से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। हालात यह हैं कि ग्रामीण किसी तरह उपचार और अन्य जरूरी काम के लिए बदहाल सड़कों पर जान जोखिम में डालकर सफर करने को मजबूर हैं। हालांकि सड़कों को खोलने के लिए जेसीबी लगाई गई हैं लेकिन लगातार हो रही बारिश से फिर से मलबा और बोल्डर गिरने से कार्यदायी संस्थाओं के लिए सड़कों पर आवाजाही सुचारू कर पाना चुनौती बना है। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी विनीत पाल ने बताया कि जेसीबी लगातार सड़कों को खोलने का काम कर रही हैं। सड़कों पर जल्द आवाजाही शुरू करा दी जाएगी। संवाद

    अल्मोड़ा में 12.4 और सोमेश्वर में हुई 15.2 एमएम बारिश
    अल्मोड़ा। जिले में बारिश से जनजीवन पटरी से उतर गया है। बीते शनिवार से रविवार सुबह तक रुक-रुक कर बारिश होती रही। आपदा प्रबंधन के मुताबिक बीते 24 घंटे में अल्मोड़ा में 12.4, रानीखेत में 04, सोमेश्वर में 15.2, जागेश्वर में 03 एमएम बारिश रिकार्ड की गई। वहीं द्वाराहाट, चौखुटिया, भिकियासैंण, ताकुला, सल्ट, जैंती, शीतलाखेत में बारिश का आंकड़ा शून्य रहा। यहां के लोगों ने बारिश थमने से राहत महसूस की।
    ऑफिसर्स कॉलोनी में आवासीय भवनों में घुसा पानी
    अल्मोड़ा। ऑफिसर्स कॉलोनी के आवासीय भवनों में बारिश का पानी घुसने से लोग परेशान रहे। लोगों ने जिलाधिकारी को ईमेल के माध्यम से ज्ञापन भेजकर जलभराव की समस्या से मुक्ति दिलाने की मांग की। पीड़ित परिवारों ने कहा कि आवासीय भवन में रहने वाले राजस्व विभाग के कर्मी निकासी नाली के निर्माण का विरोध कर रहे हैं। ऐसे में बारिश का पानी घरों में पहुंच रहा है। ज्ञापन भेजने वालों में दीपा साह, ज्योति, दिया, प्रेमलता आदि शामिल रहे।

  • नाटो को रूस के साथ यूक्रेन के संघर्ष में पक्ष नहीं बनना चाहिए : शोल्ज

    नाटो को रूस के साथ यूक्रेन के संघर्ष में पक्ष नहीं बनना चाहिए : शोल्ज

    बर्लिन ,09 फरवरी  जर्मन चांसलर ओलाफ शोल्ज ने कहा कि यूक्रेन को सैन्य सहायता प्रदान करने के बावजूद नाटो को रूस के साथ देश के संघर्ष में पक्ष नहीं बनना चाहिए। संघर्ष पर चर्चा करने के लिए यूरोपीय परिषद की एक विशेष बैठक से पहले जर्मन संसद के निचले सदन (बुंडेस्टाग) में एक भाषण में शोल्ज ने बुधवार को टैंकों, पनडुब्बियों, विमानों के मामले में एक-दूसरे से आगे निकलने की सार्वजनिक प्रतियोगिता के खिलाफ चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि इससे पश्चिम की एकता को नुकसान होगा।

    जर्मनी और अमेरिका द्वारा हाल ही में यूक्रेन को युद्धक टैंकों की आपूर्ति पर लिए गए निर्णय का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा, हम उन्हें संप्रेषित करने से पहले गोपनीय रूप से निर्णय तैयार करके इस सामंजस्य को संरक्षित और मजबूत करते हैं। यूक्रेन को भारी तोपखाने की आपूर्ति करने के लिए नाटो भागीदारों द्वारा जर्मनी पर बढ़ते दबाव के कारण जर्मन सरकार ने जनवरी के अंत में 14 लेपर्ड 2 टैंक वितरित करने और भागीदारों को अपने लेपर्ड टैंक के स्टॉक से निर्यात करने की अनुमति देने का फैसला किया। रिपोर्ट के अनुसार राष्ट्रपति जो बाइडेन ने यूक्रेन को अब्राम्स युद्धक टैंकों की डिलीवरी की घोषणा के साथ अमेरिका ने कुछ ही समय बाद इसका पालन किया।

    हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि जर्मन और अमेरिकी टैंकों की डिलीवरी में महीनों लगेंगे। रूस के निचले सदन के अध्यक्ष व्याचेस्लाव वोलोडिन ने पिछले महीने चेतावनी दी थी कि यूक्रेन को पश्चिमी हथियारों की आपूर्ति प्रतिशोध की ओर ले जाएगी। इस बीच, यूक्रेन के राष्ट्रपति ब्लादिमिर जेलेंस्की ने बुधवार को लंदन की यात्रा के दौरान अधिक हथियारों के साथ-साथ लड़ाकू विमानों के लिए अपने अनुरोध को दोहराया। अमेरिका के बाद यूके यूक्रेन का दूसरा सबसे बड़ा मददगार है। पिछले साल अकेले यूके ने लगभग 2.8 बिलियन डॉलर की सैन्य सहायता प्रदान की। 9-10 फरवरी को होने वाली यूरोपीय परिषद की आगामी बैठक में, स्कोल्ज ने संकेत दिया कि रूस के खिलाफ प्रतिबंधों को और कड़ा किया जाएगा।